डच वैज्ञानिकों ने देश की पहली ऐसी प्रयोगशाला शुरू की है जिसका काम यह शोध करना है कि स्वायत्त, कीट के आकार के ड्रोन कारखानों में गैस रिसाव का पता लगाने या खोज और बचाव अभियानों में भाग लेने जैसे कार्यों को कैसे अंजाम दे सकते हैं।

स्वार्मिंग लैब के चालू होने के साथ, डेल्फ़्ट यूनिवर्सिटी ऑफ़ टेक्नोलॉजी (टीयू डेल्फ़्ट) के शोधकर्ताओं का लक्ष्य लगभग 100 छोटे मानवरहित हवाई वाहन (यूएवी) बनाना है जो 24/7 मिशन को अंजाम देने में सक्षम होंगे। ये यूएवी बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के चार्जिंग स्टेशनों पर स्वतः ही उतर सकते हैं और फिर से उड़ान भर कर आगे बढ़ सकते हैं।
शोधकर्ताओं ने अब ऐसी तकनीक विकसित कर ली है जो रोबोटों को बाहरी सहायता के बिना एक-दूसरे की उपस्थिति का पता लगाने में सक्षम बनाती है। स्वार्मिंग लैब के निदेशक गुइडो डी क्रून ने कहा कि वैज्ञानिक उड़ने वाले उपकरणों का एक ऐसा "झुंड" विकसित करने पर काम कर रहे हैं जो एक-दूसरे के अस्तित्व से अवगत हों और जटिल कार्यों को पूरा करने के लिए समन्वय स्थापित करने में सक्षम हों।
मिन्ह चाउ
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स्रोत: https://www.sggp.org.vn/thiet-bi-bay-khong-nguoi-lai-nho-nhu-con-trung-post752734.html







